Thursday, December 16, 2010

पेट्रोल की कीमत नहीं बढ़ी : मंगतू का गणित

मैं हमेशा स्कूटर में पेट्रोल 100 रूपये का डलवाता हूँ. अक्सर मेरे साथ मंगतू होता है और वह देखता रहता है. कल से पेट्रोल की कीमत में वृद्धि की खबर वह सुन रहा था और परेशान हो रहा था (हर आम आदमी की तरह).  आज भी वह मेरे साथ जा रहा था, रास्ते में स्कूटर में रिजर्व लग गया और अगले पेट्रोल पम्प पर मैं 100 रूपये का पेट्रोल डलवाया. मंगतू चुपचाप देखता रहा, पर घर आकर बोला :

"ये टी वी वाले और अखबार वाले झूठ कह रहे है."

मैनें पूछा "क्या झूठ कह रहें हैं अखबार और टी वी वाले?"

मगतू : अरे! यही कि पेट्रोल की कीमत में भारी बढोत्तरी हुई है.

मैं        : पर बढोत्तरी तो हुई है.

मंगतू : अगर बढोत्तरी हुई होती तो आपको पैसे ज्यादा देने होते, पर आपने इस बार भी तो 100 रूपये ही दिये हैं, फिर कीमत कहाँ बढ़ी ????


13 comments:

  1. मंगतू का कहना बिल्‍कुल सही है !!

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  2. हा हा हा मंगतू को नाईस कहने का जी करता है।

    एंजिल से मुलाकात

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  3. मंगतू ने सही कहा। कीमत पेट्रोल की नहीं बढ़ती, बस स्कूटर थोड़ा कम चलने लगता है।

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  4. आपकी पोस्ट की चर्चा कल (18-12-2010 ) शनिवार के चर्चा मंच पर भी है ...अपनी प्रतिक्रिया और सुझाव दे कर मार्गदर्शन करें ...आभार .

    http://charchamanch.uchcharan.com/

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  5. मगतू का गणित तो शानदार है

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  6. हा हा!! बहुत सही.

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  7. मंगतु का गणित शानदार है और लाजबाव है आपका व्यंग्य। बहुत बहुत आभार जी।

    आपका भी मेरे ब्लोग पर स्वागत है।

    " कितनी बेज़ार है ये दुनियाँ..........गजल "

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  8. बहुत सुन्दर..मंगतू का गणित बिलकुल सही है..

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  9. जब सौ रुपये देने पर पेट्रोल वाला पेट्रोल देने से मना कर देगा तब ही मंगतू को पता चलेगा ।

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  10. अरे ये तो हमरी कहानी हुई...........

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  11. मंगतू जैसी मासूम सोच आजकल कहीं मिलती ही नहीं। वो 100 रुपये को ही कीमत मानकर चलता है, और उसी में उसकी अपनी दुनिया बसती है। उसकी ये बात सीधी लगती है, पर सच में बड़ी गहरी चुभ जाती है कि हम लोग बढ़ती कीमतों को कैसे समझते हैं और आम लोग कैसे।

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